लखनऊ: उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार शाम अधिकारियों के साथ अहम समीक्षा बैठक करेंगे। बैठक शाम 7 बजे 5 कालिदास मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास पर होगी। प्रदेश के वरिष्ठ अधिकारी बैठक में मौजूद रहेंगे, जबकि विभिन्न जिलों के अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़ेंगे।
बैठक में मुख्य सचिव, अपर मुख्य सचिव गृह और डीजीपी समेत शासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे। मुख्यमंत्री अलग-अलग जिलों की कानून व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा करेंगे और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देंगे।
बैठक में आगामी त्योहारों को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर भी मंथन होगा। मुख्यमंत्री संवेदनशील जिलों और इलाकों की स्थिति के साथ पुलिस की तैयारियों की जानकारी ले सकते हैं। अधिकारियों को शांति व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए जरूरी निर्देश दिए जाने की संभावना है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में अपराध और कानून व्यवस्था को लेकर लगातार शिकायतें सामने आ रही हैं। पिछले कुछ समय में कई जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और पुलिस अधीक्षक स्तर के अधिकारियों में बदलाव भी किया गया है। बुधवार को 20 आईपीएस अधिकारियों के तबादले भी किए गए थे।

पश्चिमी उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी मथुरा में जमीनों पर कथित अवैध कब्जे, भू-माफिया और अपराध से जुड़ी शिकायतों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री की समीक्षा बैठक में मथुरा की कानून व्यवस्था पर भी विशेष चर्चा हो सकती है।
मथुरा में लगातार सामने आ रही आपराधिक घटनाओं को लेकर पुलिस की कार्यप्रणाली भी समीक्षा के दायरे में आ सकती है। आगरा जोन स्तर से निगरानी के बावजूद यदि अपराध पर प्रभावी नियंत्रण नहीं हो रहा है, तो मुख्यमंत्री अधिकारियों से इसकी वजह और अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी ले सकते हैं।
समीक्षा बैठक में उन जिलों पर विशेष फोकस रहने की उम्मीद है, जहां कानून व्यवस्था को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही हैं। मुख्यमंत्री संबंधित अधिकारियों से अपराध नियंत्रण की स्थिति और आगे की कार्ययोजना पर जानकारी ले सकते हैं। जरूरत पड़ने पर लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश भी दिए जा सकते हैं।