मथुरा: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि अयोध्या और काशी के भव्य विकास के बाद अब ब्रजभूमि को भी जनभावनाओं और उसके आध्यात्मिक-सांस्कृतिक महत्व के अनुरूप विकसित किया जाएगा। श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर में दर्शन-पूजन के बाद श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मथुरा-वृंदावन में अयोध्या और काशी की तर्ज पर भव्य परिसर तैयार करने की दिशा में सरकार काम करेगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन की सरकार ब्रजभूमि के विकास में कोई कसर नहीं छोड़ेगी। बांके बिहारी मंदिर, बरसाना, नंदगांव और गोवर्धन आने वाले श्रद्धालुओं को सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए भी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं।
बाबर-औरंगजेब को लेकर CM योगी का बयान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में पिछली सरकारों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारें श्रीकृष्ण जन्मभूमि आने से डरती थीं, क्योंकि उन्हें अपने वोट बैंक की चिंता रहती थी।मुख्यमंत्री ने कहा, “जिनकी आस्था बाबर और औरंगजेब में होगी, क्या वे आपकी आस्था का सम्मान कर पाएंगे?” उन्होंने आरोप लगाया कि बाबर और औरंगजेब के अनुयायी फिर से समाज में जहर घोलने का प्रयास कर रहे हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार समाज और राष्ट्र विरोधी तत्वों के मंसूबों को सफल नहीं होने देगी। उन्होंने सुरक्षा, युवाओं के भविष्य, महिलाओं की सुरक्षा, किसानों की खुशहाली तथा कारीगरों और हस्तशिल्पियों के हितों का भी उल्लेख किया।
अयोध्या के विकास का उदाहरण दिया
CM योगी ने अयोध्या के विकास का उल्लेख करते हुए कहा कि कुछ वर्ष पहले तक वहां बुनियादी सुविधाओं और कनेक्टिविटी की स्थिति बेहतर नहीं थी। आज अयोध्या धाम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं और प्रमुख पर्वों पर श्रद्धालुओं की संख्या कई गुना बढ़ जाती है।उन्होंने अयोध्या में एयरपोर्ट, फोरलेन सड़कों, रेलवे की डबल लाइन और रामपथ व भक्तिपथ जैसी परियोजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि यह बदलाव आस्था और विकास के समन्वय का उदाहरण है।
“हमारी आस्था कभी पराजित नहीं हुई”
मुख्यमंत्री ने कहा कि करीब 500 वर्ष पहले विदेशी आक्रांताओं ने सनातन आस्था को समाप्त करने का प्रयास किया, लेकिन प्रभु श्रीराम के प्रति लोगों की आस्था लगातार मजबूत हुई। उन्होंने कहा कि आज अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण हो चुका है और वहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों को अयोध्या का विकास अच्छा नहीं लगता, वे इसे बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं।
विंध्यवासिनी धाम का भी किया उल्लेख
योगी आदित्यनाथ ने योगमाया और मां विंध्यवासिनी धाम का उल्लेख करते हुए कहा कि योगमाया की आस्था ने विंध्यवासिनी धाम को भी एक भव्य परिसर उपलब्ध कराया है। उन्होंने कहा कि ब्रजभूमि के विकास को भी इसी व्यापक दृष्टि से आगे बढ़ाया जाएगा।
ब्रज में श्रद्धालुओं को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि मथुरा-वृंदावन के साथ बरसाना, नंदगांव और गोवर्धन आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है।उन्होंने कहा कि श्रद्धालु सहज भाव से ब्रजभूमि आएं, दर्शन करें और भगवान का आशीर्वाद लेकर वापस जाएं—इसके लिए सुविधाओं का विस्तार जरूरी है। मुख्यमंत्री ने पर्व और त्योहारों को आस्था के साथ-साथ स्थानीय अर्थव्यवस्था का आधार भी बताया।
“हम अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करें”
मुख्यमंत्री ने भगवान श्रीकृष्ण के गीता संदेश का उल्लेख करते हुए कहा कि मनुष्य को अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करना चाहिए। उन्होंने “कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन” का उल्लेख करते हुए कहा कि हमें कर्म करते हुए अपने कर्तव्य पथ पर आगे बढ़ना चाहिए।उन्होंने कहा कि यदि देश और समाज का प्रत्येक व्यक्ति अपने कर्तव्यों का ईमानदारीपूर्वक पालन करे तो भारत को विकसित भारत और उत्तर प्रदेश को विकसित उत्तर प्रदेश बनने में देर नहीं लगेगी।
जवाहर बाग का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि अब ब्रजभूमि में अव्यवस्था और भय का माहौल नहीं, बल्कि जन्मोत्सव, रंगोत्सव, ब्रजरज उत्सव और वैष्णव कुंभ जैसे आयोजनों के माध्यम से नई उमंग और उत्साह देखने को मिल रहा है।उन्होंने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए जवाहर बाग की घटना का भी जिक्र किया और कहा कि अब ब्रजभूमि विकास, सुरक्षा और भव्य आयोजनों के नए विश्वास के साथ आगे बढ़ रही है।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर प्रदेशवासियों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की बधाई और शुभकामनाएं दीं।