नोएडा स्थित जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर 15 जून 2026 से नियमित कमर्शियल उड़ान सेवाएं शुरू करने की तैयारी पूरी कर ली गई है। इससे पहले एयरपोर्ट पर इंडिगो एयरलाइंस और अन्य सहयोगी एजेंसियों के साथ अंतिम ऑपरेशन रेडीनेस टर्नअराउंड ट्रायल सफलतापूर्वक पूरा किया गया।
इस ट्रायल का उद्देश्य एयरपोर्ट की तकनीकी व्यवस्था, संचालन प्रणाली और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय की जांच करना था। परीक्षण सफल रहने के बाद अब नियमित उड़ानों की शुरुआत का रास्ता साफ हो गया है।
जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट को भविष्य में देश के सबसे बड़े एयरपोर्ट्स में शामिल किया जाएगा। पहले चरण में यहां एक रनवे और आधुनिक यात्री टर्मिनल तैयार किया गया है, जिसकी सालाना क्षमता लगभग 1.2 करोड़ यात्रियों की है।

आने वाले वर्षों में विस्तार के बाद इस एयरपोर्ट की क्षमता 7 करोड़ यात्रियों से अधिक होने का अनुमान है। यह एयरपोर्ट दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए एक प्रमुख एविएशन और आर्थिक केंद्र के रूप में विकसित होगा।
इस परियोजना की आधारशिला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 नवंबर 2021 को रखी थी। वहीं पहले चरण का उद्घाटन प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में किया गया था।
यह एयरपोर्ट राज्य की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक ले जाने में अहम भूमिका निभाएगा। इससे क्षेत्र में रोजगार, निवेश और कनेक्टिविटी को भी बड़ा बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।