उन्नाव: उत्तर प्रदेश की बहुप्रतीक्षित लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे परियोजना का सोमवार को औपचारिक उद्घाटन कर दिया गया। उन्नाव के पड़री स्थित झाऊखेड़ा रेस्ट एरिया में आयोजित कार्यक्रम में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक्सप्रेसवे का लोकार्पण किया। उद्घाटन के साथ ही एक्सप्रेसवे आम लोगों के लिए खोल दिया गया।
63 किलोमीटर लंबे इस हाईस्पीड एक्सप्रेसवे के शुरू होने से लखनऊ और कानपुर के बीच यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा। अब दोनों शहरों के बीच का सफर लगभग 30 से 45 मिनट में पूरा किया जा सकेगा, जबकि पहले इसमें करीब ढाई से तीन घंटे तक का समय लगता था।
इस परियोजना पर 4,850 करोड़ रुपये से अधिक की लागत आई है। सरकार का मानना है कि एक्सप्रेसवे के संचालन से आवागमन आसान होगा, ईंधन और समय की बचत होगी तथा क्षेत्र में व्यापार, उद्योग और निवेश को नई गति मिलेगी।
उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ी अन्य परियोजनाओं का भी लोकार्पण और शिलान्यास किया गया। इन परियोजनाओं का उद्देश्य उत्तर प्रदेश में आधुनिक सड़क नेटवर्क को मजबूत करना और बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध कराना है।

कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया पर कहा कि बेहतर सड़कें केवल दूरी ही कम नहीं करतीं, बल्कि विकास, निवेश और रोजगार के नए अवसर भी पैदा करती हैं। उन्होंने कहा कि नई सड़क परियोजनाएं प्रदेश की आर्थिक प्रगति को नई दिशा देंगी।
एक्सप्रेसवे शुरू होने से लखनऊ और कानपुर के बीच नियमित यात्रा करने वाले लोगों, व्यापारियों और औद्योगिक क्षेत्र को विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है। बेहतर कनेक्टिविटी से क्षेत्रीय विकास और परिवहन व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।