Varanasi Air Show: धर्म और अध्यात्म की नगरी काशी में भारतीय वायुसेना के ऐतिहासिक एयर शो की हुई खास शुरुआत। यहां पढ़ें पूरी खैबर
Varanasi Air Show: धर्म और अध्यात्म की नगरी काशी में भारतीय वायुसेना के ऐतिहासिक एयर शो की हुई खास शुरुआत। यहां पढ़ें पूरी खैबर
वाराणसी के शिवपुर मिनी स्टेडियम में राजस्थान के हवा महल की तर्ज पर बना भव्य दुर्गा पूजा पंडाल आकर्षण का केंद्र है। दो महीने में तैयार इस पंडाल में भारी भीड़ आने की संभावना है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे, वॉलंटियर्स और बाउंसर तैनात किए गए हैं।
ओलंपिक पदक विजेता और कोच जसपाल राणा का पार्थिव शरीर वाराणसी लाया गया, जहां उनका अंतिम संस्कार मणिकर्णिका घाट पर किया जाएगा। वे दिल्ली के अस्पताल में निधन को प्राप्त हुए थे। परिजनों ने उनकी अंतिम इच्छा के अनुसार काशी में अंतिम संस्कार का निर्णय लिया। खेल जगत में उनके निधन से शोक की लहर है।
वाराणसी नगर निगम ने भवन स्वामियों को बड़ी राहत देते हुए संपत्तिकर में विशेष छूट की घोषणा की है। नगर आयुक्त Himanshu Nagpal ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में गृहकर, जलकर और सीवर कर एक साथ जमा करने पर 10 प्रतिशत तथा एकमुश्त ऑनलाइन भुगतान करने पर 12 प्रतिशत तक की छूट मिलेगी। दिव्यांगजन, स्वतंत्रता सेनानी और पद्म सम्मान प्राप्त लोगों के लिए भी विशेष कर राहत की व्यवस्था
माघी पूर्णिमा के स्नान के बाद वाराणसी में श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। गंगा घाटों पर उमड़ती भीड़ को नियंत्रित करने के लिए जिला प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए हैं। घाटों पर अधिक भीड़ न जमा हो, इसे ध्यान में रखते हुए 15 फरवरी तक सभी आरती कार्यक्रमों को स्थगित कर दिया गया है।
काशी विश्वनाथ मंदिर में इस बार महाकुंभ के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिल रही है। सोमवार को बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए करीब 11 लाख भक्त पहुंचे, जिससे अब तक के सारे रिकॉर्ड टूट गए हैं।
वाराणसी, जिसे काशी के नाम से भी जाना जाता है, भारत की धार्मिक मान्यताओं का केंद्र और शिव की प्रिय नगरी है। यह नगरी मोक्ष और आध्यात्मिकता की प्रतीक मानी जाती है।
काशी की प्रसिद्ध देव दीपावली का शोर चारों ओर गूंज रहा है। इस दौरान देव दीपावली को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा की खास व्यवस्थाएं की गई है। वहीं दूसरी ओर जनपदों से 464 पुलिसकर्मी को वहां तैनात किया जाएगा।
काशी की उत्तरवाहिनी जाह्नवी के दोनों तट देव दीपावली पर अद्भुत रोशनी से जगमग होंगे। अर्धचन्द्राकार घाट दीपों की माला पहने दिखेगी तो वही गंगा पार रेत पर आकाश को जीवंत रंगों और पैटर्न से रोशन करने वाले क्रैकर शो, लेज़र शो और संगीत के संगम का पर्यटक एक साथ आनंद ले सकेंगे।