गौतमबुद्धनगर के दादरी ब्लॉक स्थित प्राथमिक विद्यालय मथुरापुर में जिलाधिकारी मेधा रूपम ने अचानक पहुंचकर स्कूल की व्यवस्थाओं का औचक निरीक्षण किया। डीएम के अचानक स्कूल पहुंचने से शिक्षकों और कर्मचारियों में भी सक्रियता नजर आई। निरीक्षण के दौरान विद्यालय में सभी शिक्षक उपस्थित मिले।
जिलाधिकारी ने सबसे पहले बच्चों से बातचीत की और उनकी पढ़ाई तथा शैक्षिक प्रगति के बारे में जानकारी ली। उन्होंने बच्चों से गिनती सुनने के साथ-साथ 15 से 20 तक के पहाड़े भी सुने। बच्चों ने बिना झिझक सभी पहाड़े आसानी से सुनाए। डीएम ने बच्चों की तैयारी और आत्मविश्वास को परखा तथा उन्हें मन लगाकर पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया।

इसके बाद जिलाधिकारी ने अलग-अलग कक्षाओं में जाकर विद्यार्थियों से पढ़ाई से संबंधित सवाल पूछे। उन्होंने यह भी देखा कि शिक्षक बच्चों को किस तरह पढ़ा रहे हैं और कठिन विषयों को समझाने के लिए किन तरीकों का इस्तेमाल किया जा रहा है। डीएम ने शिक्षकों को निर्देश दिए कि बच्चों को विषय आसानी से समझाने के लिए सरल और प्रभावी शिक्षण पद्धति अपनाई जाए।
विद्यालय में स्मार्ट क्लास और डिजिटल पढ़ाई की व्यवस्था का भी निरीक्षण किया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि स्मार्ट क्लास और स्क्रीन का प्रभावी इस्तेमाल किया जाए, ताकि बच्चों को पढ़ाई को समझने में आसानी हो। उन्होंने पढ़ाई के साथ खेलकूद और अन्य गतिविधियों को भी जरूरी बताया, जिससे बच्चों का शारीरिक और मानसिक विकास बेहतर हो सके।

निरीक्षण के दौरान मिड-डे मील की गुणवत्ता भी जांची गई। डीएम ने निर्देश दिए कि बच्चों को साफ-सुथरा, पौष्टिक और निर्धारित मानकों के अनुरूप भोजन उपलब्ध कराया जाए। इसके साथ ही शौचालय, पेयजल, रोशनी, वेंटिलेशन और पूरे विद्यालय परिसर की साफ-सफाई का भी जायजा लिया गया।
स्कूल की व्यवस्थाएं संतोषजनक मिलने पर जिलाधिकारी ने प्रधानाचार्य और शिक्षकों की सराहना की। उन्होंने कहा कि विद्यालय में मौजूद बेहतर व्यवस्थाओं को लगातार बनाए रखा जाए। साथ ही बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने और उनके शैक्षिक स्तर में निरंतर सुधार के लिए प्रभावी प्रयास करने के निर्देश दिए।