गोरखपुर मंडल को नया प्रशासनिक नेतृत्व मिल गया है। भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) अधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने शुक्रवार को गोरखपुर के नए मंडलायुक्त के रूप में विधिवत कार्यभार ग्रहण किया। पदभार संभालने के बाद उन्होंने प्रशासन की प्राथमिकताओं को स्पष्ट करते हुए कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप विकास योजनाओं को समयबद्ध तरीके से धरातल पर उतारना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी।
नए मंडलायुक्त ने कहा कि मंडल में चल रही सभी प्रमुख विकास परियोजनाओं की नियमित समीक्षा की जाएगी ताकि तय समय सीमा के भीतर कार्य पूरे हो सकें। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को समन्वय के साथ कार्य करने और परियोजनाओं की गुणवत्ता बनाए रखने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश देने की बात कही।
इंद्र विक्रम सिंह ने कहा कि आम नागरिकों की शिकायतों का शीघ्र और प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने जनसुनवाई व्यवस्था को और अधिक मजबूत एवं पारदर्शी बनाने की प्रतिबद्धता जताई, ताकि लोगों की समस्याओं का समाधान बिना अनावश्यक देरी के हो सके।
गोरखपुर, जो मुख्यमंत्री का गृह जनपद भी है, उसके प्रशासनिक महत्व का उल्लेख करते हुए मंडलायुक्त ने कहा कि यहां विकास और सुशासन की अपेक्षाएं अधिक हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रशासन जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने के लिए पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ कार्य करेगा।
उन्होंने कहा कि गोरखनाथ मंदिर में प्रतिदिन आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए यातायात व्यवस्था, साफ-सफाई, पेयजल, पार्किंग और अन्य मूलभूत सुविधाओं को और बेहतर बनाया जाएगा। संबंधित विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर आवश्यक सुधार किए जाएंगे।

नए मंडलायुक्त ने स्पष्ट किया कि प्रशासन की कार्यशैली में पारदर्शिता, जवाबदेही और कानून-व्यवस्था सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल रहेंगी। उन्होंने अधिकारियों के साथ नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित करने के संकेत दिए, ताकि योजनाओं की प्रगति और प्रशासनिक कार्यों की लगातार निगरानी की जा सके।
पदभार ग्रहण के अवसर पर विभिन्न प्रशासनिक अधिकारियों ने नए मंडलायुक्त का स्वागत किया और उन्हें शुभकामनाएं दीं। इस दौरान प्रशासनिक कार्यों और भविष्य की प्राथमिकताओं को लेकर प्रारंभिक चर्चा भी हुई।
नए मंडलायुक्त इंद्र विक्रम सिंह के कार्यभार संभालने के साथ ही गोरखपुर मंडल में विकास परियोजनाओं में गति, जनसुनवाई व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने, बेहतर कानून-व्यवस्था और नागरिक सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में नए प्रयासों की उम्मीद जताई जा रही है।