1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने काशी नरेश विश्वविद्यालय का किया निरीक्षण, शिक्षा की गुणवत्ता और डिजिटल व्यवस्था सुधारने के दिए निर्देश

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने काशी नरेश विश्वविद्यालय का किया निरीक्षण, शिक्षा की गुणवत्ता और डिजिटल व्यवस्था सुधारने के दिए निर्देश

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने भदोही के काशी नरेश विश्वविद्यालय का निरीक्षण कर शिक्षा की गुणवत्ता, NAAC मूल्यांकन, डिजिटल व्यवस्था और आधारभूत सुविधाओं में सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने AI के जिम्मेदार इस्तेमाल, कौशल विकास, रोजगारपरक शिक्षा और विद्यार्थियों के स्वास्थ्य पर भी विशेष जोर दिया।

By: Nivedita  RNI News Network
Updated:
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने काशी नरेश विश्वविद्यालय का किया निरीक्षण, शिक्षा की गुणवत्ता और डिजिटल व्यवस्था सुधारने के दिए निर्देश

उत्तर प्रदेश की राज्यपाल एवं राज्य विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने भदोही के ज्ञानपुर स्थित काशी नरेश विश्वविद्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय की शैक्षणिक, प्रशासनिक और बुनियादी सुविधाओं का जायजा लिया। कुलपति प्रो. उमा श्रीवास्तव सहित विभिन्न संकायों के अध्यक्षों और विभागाध्यक्षों के साथ बैठक कर विश्वविद्यालय के विकास और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने पर चर्चा की।

‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत किया पौधारोपण

विश्वविद्यालय परिसर पहुंचने पर राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत मौलश्री का पौधा लगाया। इसके माध्यम से उन्होंने पर्यावरण संरक्षण और हरियाली बढ़ाने का संदेश दिया। इसके बाद आयोजित समीक्षा बैठक में विश्वविद्यालय की वर्तमान स्थिति और भविष्य की विकास योजनाओं की जानकारी ली।

 

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने काशी नरेश विश्वविद्यालय का किया निरीक्षण, शिक्षा की गुणवत्ता और डिजिटल व्यवस्था सुधारने के दिए निर्देश

NAAC मानकों के अनुरूप विकसित करने पर जोर

समीक्षा बैठक में राज्यपाल ने विश्वविद्यालय प्रशासन को निर्देश दिया कि सभी शैक्षणिक और प्रशासनिक कार्य निर्धारित नियमों के अनुसार पारदर्शिता के साथ पूरे किए जाएं। प्रवेश, परीक्षा और अवकाश प्रबंधन जैसी व्यवस्थाओं में समयबद्धता सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (NAAC) के मानकों के अनुरूप विकसित करने पर विशेष जोर दिया। साथ ही शैक्षणिक गुणवत्ता, स्वच्छता और बेहतर शैक्षणिक वातावरण को प्राथमिकता देने की बात कही।

समर्थ पोर्टल से मजबूत होगा डिजिटल प्रशासन

राज्यपाल ने विश्वविद्यालय में डिजिटल व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए समर्थ पोर्टल के सभी मॉड्यूल चरणबद्ध तरीके से शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित प्रशासन से शैक्षणिक और कार्यालय संबंधी कार्यों में पारदर्शिता तथा जवाबदेही बढ़ेगी।

 

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने काशी नरेश विश्वविद्यालय का किया निरीक्षण, शिक्षा की गुणवत्ता और डिजिटल व्यवस्था सुधारने के दिए निर्देश

भवन निर्माण और बुनियादी सुविधाओं को लेकर दिए निर्देश

विश्वविद्यालय के आधारभूत ढांचे पर चर्चा करते हुए राज्यपाल ने कहा कि किसी भी नए भवन का निर्माण कराने से पहले उसकी जरूरत और उपयोगिता को ध्यान में रखकर विस्तृत योजना तैयार की जाए।उन्होंने प्रयोगशालाओं, कक्षाओं, शिक्षकों के कार्यालय, छात्राओं के लिए लेडीज रूम, छात्रावास, लाइब्रेरी और अन्य आवश्यक सुविधाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया। इसके अलावा सीवर लाइन, पेयजल, बिजली, आंतरिक सड़क, पार्किंग, खेल मैदान और शौचालय जैसी सुविधाओं को आधुनिक बनाने के निर्देश दिए। स्मार्ट क्लास, स्मार्ट बोर्ड और आधुनिक प्रयोगशालाओं की स्थापना के साथ छात्रावासों में स्वच्छ किचन, स्नानघर और शौचालय की व्यवस्था सुनिश्चित करने को भी कहा।

 

 

विद्यार्थियों और शिक्षकों से किया संवाद

निरीक्षण के दौरान राज्यपाल ने विज्ञान, कला और शिक्षा संकाय सहित विभिन्न विभागों और प्रदर्शनियों का अवलोकन किया। उन्होंने रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान, गणित और भूगोल विभागों की शिक्षण व्यवस्था तथा प्रयोगशालाओं की जानकारी ली। शिक्षकों से बातचीत करते हुए उन्होंने शोध, अनुसंधान, नवाचार और व्यावहारिक शिक्षा को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई। वहीं विद्यार्थियों से संवाद कर उन्हें व्यक्तित्व विकास, नेतृत्व क्षमता, रोजगार और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति प्रेरित किया।

AI के सकारात्मक इस्तेमाल के लिए विद्यार्थियों को किया प्रेरित

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते प्रभाव पर चर्चा करते हुए राज्यपाल ने विद्यार्थियों को इसके सही और जिम्मेदार इस्तेमाल के प्रति जागरूक किया। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक का उपयोग सकारात्मक उद्देश्यों के लिए होना चाहिए। विद्यार्थियों को तकनीकी रूप से दक्ष बनने के साथ नैतिक मूल्यों, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी का भी ध्यान रखना चाहिए।

स्वास्थ्य, खेल और रोजगारपरक शिक्षा पर विशेष ध्यान

राज्यपाल ने विश्वविद्यालय में विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए प्रत्येक सोमवार को चिकित्सक की उपलब्धता सुनिश्चित करने और समय-समय पर स्वास्थ्य शिविर आयोजित कराने का सुझाव दिया।इसके अलावा खेल गतिविधियों, स्टार्टअप, कौशल विकास और रोजगार से जुड़े नए पाठ्यक्रम शुरू करने पर बल दिया। उन्होंने महिला सुरक्षा, स्वास्थ्य सुविधाओं और रोजगार सृजन को भी महत्वपूर्ण बताया। राज्यपाल ने कहा कि विश्वविद्यालयों को विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ रोजगार और आत्मनिर्भरता के अवसरों से जोड़ने के लिए लगातार प्रयास करना चाहिए।

 

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें गूगल न्यूज़, फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...