गाजीपुर में 29 मई को हुए होटल व्यवसायी विनीत राय हत्याकांड के बाद जिला प्रशासन ने आरोपियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। मामले में नामजद आरोपियों के खिलाफ अब अवैध निर्माण को लेकर भी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
मास्टर प्लान विभाग की जांच में सामने आया है कि हत्याकांड में शामिल आरोपियों के मकान विनियमित क्षेत्र में बिना स्वीकृत नक्शे के बनाए गए हैं। इसी आधार पर शंकर पांडेय, आलोक दुबे और सोनू यादव सहित अन्य आरोपियों के आवासों पर नोटिस जारी किए गए हैं।
पुलिस मुठभेड़ में मारे गए एक लाख रुपये के इनामी आरोपी कमलेश चौधरी के भाई संजय के नाम से बने मकान पर भी नोटिस जारी किया गया है। प्रशासन का कहना है कि यह निर्माण भी बिना स्वीकृत नक्शे के किया गया था, जो नियमों का उल्लंघन है।

जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सभी संबंधित लोगों को नोटिस देकर अपना पक्ष रखने का अवसर दिया गया है। यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिलता या निर्माण अवैध पाया जाता है, तो ध्वस्तीकरण जैसी सख्त कार्रवाई की जा सकती है।
जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने कहा कि इस मामले को कुछ लोग जातीय रंग देने का प्रयास कर रहे हैं, जो पूरी तरह गलत है। उन्होंने चेतावनी दी कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ या तनाव फैलाने की किसी भी कोशिश पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि विनियमित क्षेत्र में बिना नक्शा स्वीकृत कराए किए गए सभी निर्माणों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इस पूरे मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया एसडीएम स्तर पर जारी है।