उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चाइनीज मांझे से हो रही लगातार मौतों को बेहद गंभीरता से लेते हुए कड़ा रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि अब चाइनीज मांझे से होने वाली मौतों को हादसा नहीं, बल्कि हत्या की श्रेणी में माना जाएगा। उन्होंने पुलिस और प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि ऐसे मामलों में कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में प्रतिबंधित चाइनीज मांझे की बिक्री और भंडारण किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने सवाल उठाया कि प्रतिबंध के बावजूद यह जानलेवा मांझा बाजारों तक कैसे पहुंच रहा है। इसके साथ ही पुलिस को विशेष छापेमारी अभियान चलाने और अवैध रूप से मांझा बेचने वालों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। इस पूरे अभियान की उच्च स्तर पर समीक्षा भी की जाएगी।
सीएम योगी ने साफ कहा है कि चाइनीज मांझे से होने वाली मौतों को गंभीर अपराध की श्रेणी में दर्ज किया जाए। दोषियों के खिलाफ सख्त धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कड़ी सजा सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर प्रभावी रोक लग सके।
हाल ही में लखनऊ में चाइनीज मांझे से जुड़ी एक दर्दनाक घटना सामने आई, जिसने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया। हैदरगंज पुल पर पतंग की डोर की चपेट में आने से एक युवक की गर्दन गंभीर रूप से कट गई। घायल अवस्था में उसे ट्रामा सेंटर ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मृतक की पहचान शोएब के रूप में हुई है, जो अपने परिवार का इकलौता बेटा था और मेहनत-मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता था। इस घटना के बाद परिवार सदमे में है और इलाके में गहरा आक्रोश देखने को मिल रहा है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि खतरनाक चाइनीज मांझे की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।
लगातार हो रही घटनाओं को देखते हुए प्रशासन अब सख्त कार्रवाई की तैयारी में है। मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि चाइनीज मांझे के अवैध कारोबार पर लगाम लगेगी और आम लोगों की जान की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी।