लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में गुरुवार को स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन की चौथी बैठक आयोजित हुई। बैठक में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि निवेश संबंधी परियोजनाओं में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण और निवेशकों के साथ सतत संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान यह भी चर्चा सामने आई कि कुछ निवेशकों की ओर से शिकायतें प्राप्त हुई हैं कि मंत्री स्तर पर निवेश संबंधी पत्रावलियों के निस्तारण में अनावश्यक विलंब हो रहा है। साथ ही कई मामलों में अनावश्यक आपत्तियां लगाकर प्रस्तावों को यूपी इन्वेस्ट को वापस भेजा जा रहा है, जिससे निवेशकों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है और प्रदेश में निवेश को लेकर उनकी रुचि प्रभावित हो सकती है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार उत्तर प्रदेश को निवेश के लिए बेहतर गंतव्य बनाने और निवेशकों को अधिकतम सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दे रहे हैं, ताकि प्रदेश में अधिक से अधिक निवेश आकर्षित किया जा सके।
हालांकि अपर मुख्य सचिव औद्योगिक विकास आलोक कुमार और यूपी इन्वेस्ट के सीईओ विजय किरण आनंद निवेशकों के साथ लगातार संवाद बनाए रखते हुए प्रदेश में भारी निवेश को बढ़ावा देने के लिए पूरी तरह से कटिवद्ध और समर्पित हैं |
मुख्यमंत्री ने दोहराया कि निवेश से संबधित मामलों में अनावश्यक विलंब ना किया जाये और निवेश से संबधित जो मामले लंबित है उनका शीघ्र निस्तारण किया जाये और निवेशकों के साथ लगातार संवाद बनाये रखा जाये