सोमवार सुबह 10:15 बजे विशेश्वरगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) का मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. संजय कुमार ने औचक निरीक्षण किया, तो अस्पताल में मौजूद कर्मचारियों की अनुपस्थिति ने उन्हें नाराज कर दिया। निरीक्षण के दौरान अधीक्षक डॉ. प्रवीण पांडेय, तीन चिकित्सक, लैब टेक्नीशियन समेत कुल 17 स्वास्थ्यकर्मी अनुपस्थित पाए गए।
सीएमओ ने बताया कि अस्पताल सुबह 8 बजे खुलता है, लेकिन दो घंटे बाद भी अधिकांश कर्मचारी ड्यूटी पर नहीं थे। निरीक्षण के दौरान अस्पताल का ओपीडी, लेबर रूम, लैब, वार्ड और दवा वितरण कक्ष देखा गया। मौके पर केवल डॉ. मनोज कुमार, वॉर्ड ब्वॉय और दो अन्य कर्मचारी ही उपस्थित मिले। अस्पताल में सफाई कर्मचारी झाड़ू लगाते मिले, जबकि मुख्य जिम्मेदार और अन्य स्वास्थ्यकर्मी गायब थे।
नाराज सीएमओ ने सभी अनुपस्थित कर्मचारियों का एक दिन का वेतन रोकते हुए उन्हें स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया। साथ ही अधीक्षक को जमकर फटकार लगाई गई। उन्होंने कहा कि सरकारी स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ आम जनता तक समय पर पहुँचाना कर्मचारियों की जिम्मेदारी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे निरीक्षण और कड़ा रवैया स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार के लिए जरूरी हैं, ताकि मरीजों को समय पर और व्यवस्थित सेवा मिल सके।