लखनऊ में आयोजित UP Pharma Conclave 1.0 के शुभारंभ पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब केवल उपभोक्ता बाज़ार नहीं रहा, बल्कि सबसे बड़ा वर्कफोर्स, बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और निवेश-अनुकूल नीतियों के साथ फार्मास्यूटिकल और मेडिकल डिवाइस निर्माण का उभरता वैश्विक केंद्र बन चुका है। सरकार का लक्ष्य यूपी को फार्मा सेक्टर में अग्रणी बनाकर ‘विकसित भारत’ के संकल्प में निर्णायक भूमिका निभाना है।
UP Pharma Conclave 1.0 के दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ ने यूपी के लॉ एंड ऑर्डर और Zero Tolerance पर चर्चा करते हुए कह दी बड़ी बात, बोले: ‘बहुत बार लोग टिप्पणी करते हैं कि पुलिस ने गोली क्यों मार दी? अगर पुलिस गोली ना मारे, तो क्या पुलिस गोली खाए?’
मुख्यमंत्री ने बताया कि ललितपुर में राज्य का पहला फार्मा पार्क स्थापित किया जा रहा है। प्राकृतिक वातावरण, पर्याप्त जल संसाधन और NGT मानकों के अनुरूप होने के कारण इसे हब-एंड-स्पोक मॉडल पर विकसित किया जा रहा है। वहीं गौतम बुद्ध नगर (जेवर एयरपोर्ट के पास) 700 एकड़ में अत्याधुनिक मेडिकल डिवाइस पार्क विकसित हो रहा है, जहां 100+ कंपनियां जुड़ चुकी हैं। इसके साथ ही बुंदेलखंड में झांसी क्षेत्र में 56,000 एकड़ में BIDA (औद्योगिक शहर) विकसित किया जा रहा है, जो निवेशकों के लिए विशाल लैंड बैंक उपलब्ध कराएगा।

मुख्यमंत्री ने बताया कि आईआईटी कानपुर के साथ मिलकर ₹1200 करोड़ की लागत से मेडटेक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस विकसित हो रहा है, जिसमें राज्य सरकार और आईआईटी के एलुमनाई का सहयोग है। इसी तरह SGPGI लखनऊ में भी एक CoE बनाया जा रहा है। लखनऊ में विश्वस्तरीय फार्मा संस्थान और गौतम बुद्ध नगर में US FDA टेस्टिंग लैब प्रस्तावित है। मेडिकल सेक्टर में डीप-टेक और AI को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने ₹2000 करोड़ का AI मिशन घोषित किया है।
उत्तर प्रदेश में देश के 55% एक्सप्रेसवे हैं और यह सबसे अधिक एयरपोर्ट वाला राज्य है (वर्तमान में 16 क्रियाशील)। पूर्वी-पश्चिमी डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का जंक्शन यूपी में होने से उद्योगों को सप्लाई-चेन और लॉजिस्टिक्स में बड़ा लाभ मिलेगा।
राज्य में 34 सेक्टोरियल पॉलिसियां, सिंगल-विंडो प्लेटफॉर्म और Ease of Doing Business में शीर्ष प्रदर्शन है। MSME को 1000 दिन तक NOC से मुक्ति, 13 पुराने कानूनों का डी-क्रिमिनलाइजेशन किया गया है। सरकार निवेशकों को ट्रिपल-S गारंटी देती है- Safety, Stability और Speed।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि 2017 से पहले की अराजकता और ‘गुंडा टैक्स’ की संस्कृति को जीरो टॉलरेंस नीति से समाप्त किया गया है। भू-माफिया टास्क फोर्स के जरिए 65,000 एकड़ भूमि मुक्त कराई गई। अब उद्योगों के लिए Zero Political Interference का वातावरण है। उन्होंने कहा-कानून का पालन सुनिश्चित करना प्राथमिकता है। पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने ‘पॉलिसी पैरालिसिस’ की छवि से निकलकर रेवेन्यू-सरप्लस, सुरक्षित और तेज़ निवेश गंतव्य के रूप में पहचान बनाई है। UP Pharma Conclave 1.0 के माध्यम से सरकार ने स्पष्ट रोडमैप रखा है कि यूपी को फार्मा और मेडिकल डिवाइस निर्माण का ग्लोबल हब बनाया जाएगा।