लखनऊ में यूपी विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच शहरी क्षेत्रों में विकास परियोजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। सरकार का लक्ष्य है कि चुनाव की अधिसूचना जारी होने से पहले जरूरी विकास कार्यों को जमीन पर शुरू करा दिया जाए। इसके लिए निकायों को बजट आवंटन और टेंडर प्रक्रिया समयसीमा के भीतर पूरी करने को कहा गया है।
नवंबर तक बजट आवंटन, दिसंबर में शुरू होंगे काम
शहरी निकायों को नवंबर तक विकास कार्यों के लिए बजट उपलब्ध कराने और दिसंबर तक टेंडर प्रक्रिया पूरी कराकर काम शुरू कराने का निर्देश दिया गया है। इसके जरिए शहरों में प्रस्तावित परियोजनाओं को जल्द से जल्द धरातल पर उतारने की तैयारी है।
राज्य सेक्टर की योजनाओं पर खर्च होंगे 16,239 करोड़
नगर विकास विभाग इस वित्तीय वर्ष में राज्य सेक्टर की विभिन्न योजनाओं के तहत करीब 16,239 करोड़ रुपये के विकास कार्य कराएगा। इन योजनाओं में शहरी बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के साथ आम लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने पर फोकस रहेगा।
धार्मिक और ऐतिहासिक शहरों के विकास पर जोर
वंदन योजना के तहत धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व वाले शहरों में बुनियादी सुविधाओं को विकसित किया जाएगा। वहीं आकांक्षी नगर योजना के जरिए पिछड़े शहरी क्षेत्रों में विकास की रफ्तार बढ़ाने और सुविधाओं में सुधार करने की योजना है।
नवयुग पालिका परिषद के रूप में विकसित होंगे शहर
जिला मुख्यालय वाले नगर निगमों को नवयुग पालिका परिषद के रूप में विकसित करने की योजना भी विकास एजेंडे में शामिल है। इसके तहत शहरी सुविधाओं और आधारभूत ढांचे को बेहतर बनाने पर जोर दिया जाएगा।
पार्किंग, पार्क और सड़कों पर रहेगा फोकस
शहरों में यातायात और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए पार्किंग स्थलों, पार्कों, सड़कों और अन्य जरूरी बुनियादी ढांचे से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। संबंधित निकायों को योजनाओं की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं।
चुनावी अधिसूचना से पहले काम शुरू कराने की तैयारी
सरकार की कोशिश है कि चुनाव की अधिसूचना जारी होने से पहले अधिक से अधिक जरूरी परियोजनाओं का काम शुरू हो जाए। इसके लिए विभाग और स्थानीय निकाय समयबद्ध तरीके से बजट, टेंडर और कार्यादेश की प्रक्रिया पूरी करने में जुटेंगे।

