लखनऊ । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था, आगामी त्योहारों की तैयारियों और जनहित से जुड़े मुद्दों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कई अहम निर्देश दिए। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई बैठक में उन्होंने स्पष्ट कहा कि आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान किया जाए और शिकायत लेकर आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को अधिकतम 24 घंटे के भीतर संतोषजनक जवाब मिले।
नवरात्रि से छठ तक अलर्ट रहेगा प्रशासन
मुख्यमंत्री ने शारदीय नवरात्रि से छठ महापर्व तक अधिकारियों को अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहने और जनता से सीधे संवाद करने के निर्देश दिए। दुर्गा अष्टमी, महानवमी और विजयादशमी के दौरान मंदिरों, पूजा पंडालों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने को कहा गया है। प्रमुख देवी मंदिरों में अतिरिक्त कर्मचारियों की तैनाती, सीसीटीवी निगरानी और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
पुलिस गश्त बढ़ाने और असामाजिक तत्वों पर कार्रवाई के निर्देश
सीएम योगी ने पुलिस अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित गश्त करने और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने को कहा। शोभायात्राओं और प्रतिमा विसर्जन के दौरान चिकित्सा शिविर, एंबुलेंस, अग्निशमन वाहन, सहायता केंद्र और पर्याप्त पुलिस बल की व्यवस्था रहेगी। भीड़ नियंत्रण, यातायात प्रबंधन और विसर्जन स्थलों पर सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं।
महिला सुरक्षा और मिशन शक्ति पर जोर
मुख्यमंत्री ने प्रत्येक थाने में मिशन शक्ति केंद्र को प्रभावी ढंग से संचालित करने पर जोर दिया। महिलाओं की शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई के साथ उन्हें परामर्श, सहायता और कानूनी सहयोग उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने एंटी रोमियो स्क्वॉड की सक्रियता बढ़ाने और स्टंटबाजी करने वालों के खिलाफ अभियान चलाने के निर्देश भी दिए।
राजस्व मामलों का 15 दिन में हो निस्तारण
जनता को सरकारी कार्यालयों में अनावश्यक परेशानी से बचाने के लिए मुख्यमंत्री ने दाखिल-खारिज, पैमाइश, वरासत और जाति-आय प्रमाणपत्र से जुड़े मामलों को तय समयसीमा में निपटाने को कहा। निर्विवाद राजस्व मामलों का निस्तारण अधिकतम 15 दिनों में करने और प्रत्येक तहसील में लंबित मामलों की सूची सार्वजनिक करने के निर्देश दिए गए। लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों की जवाबदेही तय करने पर भी जोर दिया गया।
किसानों को खाद की उपलब्धता और कालाबाजारी पर रोक
सीएम योगी ने निर्देश दिया कि किसानों को जरूरत के अनुसार पर्याप्त उर्वरक उपलब्ध कराया जाए और खाद की कालाबाजारी पर प्रभावी कार्रवाई हो। उन्होंने कहा कि कोई भी सहकारी समिति खाद के स्टॉक से खाली नहीं रहनी चाहिए। इसके लिए जिलाधिकारियों को स्थानीय मांग के अनुरूप समय पर आवंटन सुनिश्चित कराने को कहा गया।
बारिश से हुए नुकसान का ब्योरा 48 घंटे में देने के निर्देश
मुख्यमंत्री ने अतिवृष्टि से प्रभावित लोगों को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराने पर जोर दिया। अधिकारियों को अगले 48 घंटे में बारिश से हुए नुकसान और राहत वितरण की पूरी जानकारी राहत आयुक्त कार्यालय को देने का निर्देश दिया गया। जिन परिवारों के मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं, उन्हें मुख्यमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने को कहा गया। इसके अलावा निराश्रित गोवंश आश्रय स्थलों में उचित व्यवस्था बनाए रखने, पात्र परिवारों को आवास योजनाओं से जोड़ने और सड़क कटिंग से जुड़ी समस्याओं का 31 अक्टूबर तक समाधान करने के निर्देश दिए गए।
मंदिरों और विसर्जन मार्गों पर विशेष इंतजाम
मुख्यमंत्री ने पूजा पंडालों, शोभायात्रा मार्गों और प्रतिमा विसर्जन स्थलों पर साफ-सफाई, पर्याप्त रोशनी और सुगम आवागमन सुनिश्चित करने को कहा। जर्जर बिजली के खंभों, ढीले तारों और खराब सड़कों की मरम्मत कराने के निर्देश भी दिए गए। विसर्जन स्थलों पर बैरिकेडिंग, गोताखोर, नाव और जल पुलिस की व्यवस्था के साथ सीसीटीवी, ड्रोन तथा सोशल मीडिया के माध्यम से निगरानी रखने को कहा गया।त्योहारों के दौरान शांति और सौहार्द बनाए रखने के लिए पीस कमेटियों की बैठकें आयोजित करने और धर्मगुरुओं, आयोजन समितियों तथा स्थानीय नागरिकों से लगातार संवाद बनाए रखने पर भी जोर दिया गया। यात्रियों की सुविधा के लिए परिवहन विभाग को अतिरिक्त बसें चलाने और बस स्टेशनों पर स्वच्छता बनाए रखने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि त्योहारों के दौरान सुरक्षा, जनसुविधाओं और शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

