Site icon UP की बात

NOIDA: 10 हजार इंडस्ट्री के लिए तैयार होगा सिटी लॉजिस्टिक्स प्लान, एक कंपनी से होगा MOU

नोएडा में बढ़ती औद्योगिक गतिविधियों और यातायात दबाव को देखते हुए नोएडा प्राधिकरण अब सिटी लॉजिस्टिक्स प्लान (CLP) तैयार करने जा रहा है। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत शहर की लगभग 10 हजार इंडस्ट्री को बेहतर लॉजिस्टिक सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। सड़कों की भीड़भाड़ से बचाते हुए कच्चे माल और तैयार माल को फैक्ट्रियों, बाजारों और उपभोक्ताओं तक सुचारु रूप से पहुंचाने पर फोकस रहेगा।

IIT रुड़की और SPA ने दिया प्रजेंटेशन

नोएडा प्राधिकरण के बोर्ड की बैठक में इस योजना को लेकर दो प्रतिष्ठित संस्थानों-आईआईटी रुड़की और स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर नई दिल्ली-ने अपना-अपना प्रजेंटेशन दिया। अब इन प्रजेंटेशन के आधार पर किसी एक सलाहकार संस्था का चयन किया जाएगा, जिसके साथ प्राधिकरण MOU करेगा। चयनित कंपनी ही नोएडा का विस्तृत सिटी लॉजिस्टिक्स प्लान तैयार करेगी।

निवेश बढ़ने के साथ बढ़ी जरूरत

यह पहल ऐसे समय पर की जा रही है, जब नोएडा में तेजी से निवेश बढ़ रहा है और भविष्य में औद्योगिक व व्यावसायिक गतिविधियां और तेज होंगी। ऐसे में लॉजिस्टिक परिवहन को व्यवस्थित करना आवश्यक हो गया है, ताकि कारोबारियों को किसी तरह की बाधा का सामना न करना पड़े। इस प्लान से 10 हजार से अधिक फैक्ट्रियों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक कार्गो सेवाओं को भी इससे मजबूती मिलेगी।

क्या होगी सिटी लॉजिस्टिक्स प्लान की प्लानिंग

CLP के तहत शहर में लॉजिस्टिक गतिविधियों का एक समग्र रोडमैप तैयार किया जाएगा। इसमें-

अभी ट्रकों के लिए नहीं है कोई ठोस मैनेजमेंट प्लान

फिलहाल नोएडा में भारी वाहनों और ट्रकों की आवाजाही के लिए कोई स्पष्ट मैनेजमेंट प्लान नहीं है। इसकी वजह से ट्रक अक्सर आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्रों में प्रवेश कर जाते हैं, जिससे ट्रैफिक जाम और आम लोगों को परेशानी होती है। नया CLP नॉन-पीक आवर में भारी वाहनों की आवाजाही तय करेगा और लॉजिस्टिक गतिविधियों के लिए विशेष क्षेत्र चिह्नित किए जाएंगे।

नेशनल लॉजिस्टिक पॉलिसी के अनुरूप बनेगा प्लान

नोएडा का सिटी लॉजिस्टिक्स प्लान नेशनल लॉजिस्टिक पॉलिसी को अपनाकर तैयार किया जाएगा। इसके तहत माल ढुलाई भागीदारी समिति (FPC) का गठन होगा।
इन समितियों में सरकारी अधिकारी, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, लॉजिस्टिक्स सेवा प्रदाता और शैक्षणिक विशेषज्ञ शामिल होंगे। ये सभी मिलकर ई-कॉमर्स, इलेक्ट्रॉनिक्स और फार्मास्यूटिकल्स जैसे क्षेत्रों के लिए अलग-अलग कार्य योजनाएं बनाएंगे।

नीयत यातायात से घटेगा प्रदूषण और जाम

नए प्लान के लागू होने के बाद शहर के प्रमुख मार्गों पर लॉजिस्टिक ट्रैफिक एक नीयत और नियंत्रित ढंग से चलेगा। इससे वायु प्रदूषण में कमी आएगी, यातायात जाम की समस्या घटेगी, औद्योगिक परिवहन अधिक किफायती और समयबद्ध होगा।

नोएडा का प्रस्तावित सिटी लॉजिस्टिक्स प्लान न सिर्फ उद्योगों के लिए फायदेमंद साबित होगा, बल्कि शहर की यातायात व्यवस्था, पर्यावरण और भविष्य के निवेश माहौल को भी मजबूत करेगा। योजना तैयार होने के बाद इसे चरणबद्ध तरीके से नोएडा में लागू किया जाएगा।

Exit mobile version