मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में राज्य सरकार लगातार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निवेश आकर्षित करने में जुटी है। इसी क्रम में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य रविवार को जर्मनी पहुंचे हैं। यह दौरा उत्तर प्रदेश के लिए विदेशी निवेश और निर्यात विस्तार के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
भारत-यूरोपीय संघ ट्रेड डील से यूपी को बड़ा लाभ
यह यात्रा भारत और यूरोपीय संघ के बीच हाल ही में हुए मुक्त व्यापार समझौते (Free Trade Agreement) के बाद हो रही है, जिसे दोनों पक्षों के लिए ऐतिहासिक आर्थिक पहल माना जा रहा है। जनवरी 2026 में अंतिम रूप दिए गए इस समझौते से भारत-ईयू व्यापार को नई गति मिली है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस ट्रेड डील में उत्तर प्रदेश के लिए निवेश, ओडीओपी उत्पादों के निर्यात और वैश्विक बाजार तक पहुंच की असीम संभावनाएं देख रहे हैं।
जर्मनी में उद्योग समूहों से मुलाकात, एमओयू की संभावना
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य सोमवार को जर्मनी में विभिन्न कंपनियों, व्यापार समूहों और उद्योग प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे। इस दौरान उन्हें उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया जाएगा। दौरे के दौरान मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) पर हस्ताक्षर होने की भी प्रबल संभावना है, जिससे यूपी में औद्योगिक विस्तार और निर्यात को नई मजबूती मिलेगी।
यूरोपीय बाजारों में यूपी उत्पादों को मिलेगा लाभ
ट्रेड डील के बाद उत्तर प्रदेश के ब्रांडेड उत्पाद, टेक्सटाइल, फिनिश्ड गुड्स और ओडीओपी उत्पादों को यूरोपीय बाजारों में बेहतर प्रतिस्पर्धी स्थिति मिलने की उम्मीद है। राज्य सरकार पहले भी अंतरराष्ट्रीय व्यापार शो और निवेश सम्मेलनों के माध्यम से ग्लोबल बायर्स को यूपी के उत्पादों से जोड़ चुकी है, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं।
निवेशोन्मुख माहौल और इंफ्रास्ट्रक्चर पर होगा फोकस
जर्मनी दौरे के दौरान उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य उत्तर प्रदेश को भारत की सबसे तेजी से उभरती अर्थव्यवस्था के रूप में प्रस्तुत करेंगे। वह बताएंगे कि- मजबूत कानून-व्यवस्था, एक्सप्रेस-वे नेटवर्क, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर, डिफेंस कॉरिडोर, मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स हब जैसे प्रोजेक्ट्स ने राज्य के औद्योगिक माहौल को निवेशकों के लिए अत्यंत अनुकूल बनाया है।
उभरते क्षेत्रों में निवेश की व्यापक संभावनाएं
डिप्टी सीएम जर्मनी में यह संदेश देंगे कि उत्तर प्रदेश में- इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, नवीकरणीय ऊर्जा और ग्रीन हाइड्रोजन, ऑटोमोबाइल व ईवी, टेक्सटाइल और लेदर, फूड प्रोसेसिंग, डेटा सेंटर और सेमीकंडक्टर, ओडीओपी आधारित उद्योग में निवेश की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश 1 ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी के लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहा है और यूरोपीय कंपनियों के लिए दीर्घकालिक साझेदारी का भरोसेमंद केंद्र बन सकता है।
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य का जर्मनी दौरा उत्तर प्रदेश के लिए निवेश, निर्यात और वैश्विक साझेदारी के नए द्वार खोलने वाला साबित हो सकता है। भारत–ईयू ट्रेड डील के बाद यह पहल योगी सरकार के वन ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी विजन को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

