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मुजफ्फरनगर में बारिश बनी आफत, कच्चे मकान की छत गिरने से 20 बकरियों की गई जान

मुजफ्फरनगर में बारिश बनी आफत, कच्चे मकान की छत गिरने से 20 बकरियों की गई जान

मुजफ्फरनगर में बारिश बनी आफत, कच्चे मकान की छत गिरने से 20 बकरियों की गई जान

मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच भोपा थाना क्षेत्र के कस्बा भोकरहेड़ी में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। तेज बारिश के कारण एक कच्चे मकान की छत अचानक भरभराकर गिर गई, जिससे अंदर बंधी 20 बकरियों की मलबे में दबकर मौत हो गई। इस हादसे से पीड़ित परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और उनकी आजीविका पर भी गहरा संकट खड़ा हो गया है।

बारिश के बीच अचानक ढही छत, मची अफरा-तफरी

बताया जा रहा है कि गुरुवार को लगातार हो रही बारिश के दौरान अचानक कच्चे मकान की छत गिर गई। तेज आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। हालांकि तब तक मलबे में दब चुकी 20 बकरियों की मौत हो चुकी थी। दूसरी ओर बंधी 12 बकरियां सुरक्षित बच गईं।

कर्ज लेकर बनाया था बकरियों का आश्रय

पीड़ित मोहनलाल वाल्मीकि, निवासी मोहल्ला सेठपुरी, बकरी पालन कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। परिजनों के अनुसार उन्होंने कुछ समय पहले ही करीब डेढ़ लाख रुपये उधार लेकर बकरियों के लिए कच्चा मकान बनवाया था। लेकिन लगातार बारिश के चलते मकान ढह गया और उनकी मेहनत व आजीविका को बड़ा नुकसान पहुंचा।

ग्रामीणों ने चलाया राहत अभियान

हादसे के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना देने के साथ मलबा हटाने में मदद की। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। पीड़ित परिवार के सदस्य सदमे में हैं और उन्हें आर्थिक नुकसान के साथ मानसिक आघात भी पहुंचा है।

 

प्रशासन से आर्थिक सहायता की मांग

पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन और राज्य सरकार से आर्थिक सहायता एवं मुआवजे की मांग की है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने भी प्रशासन से परिवार की हरसंभव मदद करने की अपील की है, ताकि उनकी आजीविका दोबारा पटरी पर लौट सके।

लगातार बारिश से बढ़ी ग्रामीण इलाकों की मुश्किलें

मुजफ्फरनगर में पिछले 24 घंटे से लगातार हो रही बारिश के कारण कई ग्रामीण क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। इस हादसे ने एक बार फिर कच्चे मकानों में रहने वाले परिवारों की सुरक्षा और मानसून के दौरान बढ़ते खतरे की ओर ध्यान आकर्षित किया है।

 

रिपोर्ट – भगत सिंह/काजी अमजद अली

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