अमेठी: सरकारी कामकाज को अधिक सरल, तेज और प्रभावी बनाने के लिए अमेठी जिला प्रशासन आधुनिक तकनीक को अपनाने पर जोर दे रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी शशांक चौधरी ने राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, गौरीगंज में RUPAAM, उत्तर प्रदेश की ओर से आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम का निरीक्षण किया। इसमें जिले के 40 विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) टूल्स के व्यावहारिक उपयोग की जानकारी दी गई।
ChatGPT और Google Gemini जैसे AI टूल्स की दी गई जानकारी
प्रशिक्षण कार्यक्रम में अधिकारियों और कर्मचारियों को ChatGPT, Google Gemini, LM और BHASHINI जैसे AI टूल्स के इस्तेमाल के बारे में बताया गया। इसका उद्देश्य सरकारी कार्यों में नई तकनीक का उपयोग बढ़ाना और कर्मचारियों को डिजिटल रूप से अधिक सक्षम बनाना है।
सरकारी पत्र, रिपोर्ट और PPT बनाने में मिलेगी मदद
प्रशिक्षण के दौरान AI की मदद से शासकीय पत्र लिखने, रिपोर्ट और प्रेजेंटेशन तैयार करने, पोस्टर बनाने, दस्तावेजों का सारांश निकालने तथा विभिन्न भाषाओं में अनुवाद करने जैसे कार्यों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। इन तकनीकी साधनों के उपयोग से विभागीय कामकाज को कम समय में व्यवस्थित तरीके से पूरा करने और कार्यक्षमता बढ़ाने में मदद मिल सकती है।
AI के जिम्मेदार इस्तेमाल पर DM का जोर
जिलाधिकारी शशांक चौधरी ने अधिकारियों और कर्मचारियों को आधुनिक तकनीक को अपने दैनिक कार्यों में शामिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने AI का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग करने और इसके माध्यम से प्रशासनिक प्रक्रियाओं को अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया।
आम लोगों को बेहतर सेवाएं देने का लक्ष्य
प्रशासन की इस पहल का उद्देश्य तकनीक के माध्यम से सरकारी सेवाओं को अधिक सुलभ और सुविधाजनक बनाना है। AI टूल्स के उचित इस्तेमाल से विभागीय कार्यों में समय की बचत, सूचना तैयार करने में सुविधा और आम नागरिकों की समस्याओं के समाधान की प्रक्रिया को बेहतर बनाने में सहायता मिल सकती है।

